फरवरी 02, 2018

टाटा ग्लोबल बेवरीजेज द्वारा दिसंबर 2017 को समाप्त हुई तिमाही के लिए इसके परिणामों की घोषणा की गई

  • संचालन से प्राप्त समूह राजस्व रु. 1,730 करोड़ रहा, रसियन व्यवसाय के विक्रय के प्रभाव को छोड़कर, यह आधारभूत मुद्रा में 3 प्रतिशत बढ़ा है।
  • असाधारण मदों को छोड़कर समूह लाभ 50 प्रतिशत बढ़कर रु. 218 करोड़ रहा
  • समूह समेकित सकल लाभ 31 प्रतिशत बढ़कर, रु. 189 करोड़ रहा

टाटा ग्लोबल बेवरीजेज ने आज दिसंबर 2017 को समाप्त हुई तिमाही के वित्तीय परिणाम घोषित किए हैं।

इस तिमाही में, रूस में कंपनी के व्यवसाय के विक्रय प्रभावों को छोड़कर, संचालन से प्राप्त आधारभूत राजस्व में 3 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। असाधारण मदों को छोड़कर लाभ रु. 218 करोड़ रहा जो गत वर्ष इसी तिमाही की तुलना में 50 प्रतिशत ज्यादा है, जिसके कारण हैं- उन्नत संचालन प्रदर्शन, बेहतर लागत प्रबंधन, चरणबद्ध विज्ञापन व्यय, तथा निम्न वित्तीय लागत।

इस तिमाही समूह का समेकित सकल लाभ गत वर्ष इसी अवधि की तुलना में 31 प्रतिशत की वृद्धि के साथ रु. 189 करोड़ रहा जिससे असाधारण मदों को छोड़कर उच्च लाभ के साथ निम्न कर व्यय प्रदर्शित होता है, जिसका मुख्य कारण है यूएस कर दरों में कटौती के कारण विलंबित कर परिसंपत्ति/ देनदारियों की पुनःप्राप्ति के संदर्भ में रु. 53 करोड़ का विलंबित कर जमा प्राप्त होना, जिससे उच्च असाधारण व्यय की आंशिक भरपाई की गई।

इस तिमाही के दौरान, टाटा ग्लोबल बेवरीजेज ने अपने विदेशी सहायक, एस्टेट मैनेजमेंट सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड (EMSPL) में अपनी हिस्सेदारी का विनिवेश कर दिया है। परिणामतः, EMSPL 28 दिसंबर, 2017 के प्रभाव से कंपनी का एक सहयोगी नहीं रहा है।

टाटा ग्लोबल बेवरीजेज ने बेहतरीन भारतीय चाय की एक खास श्रेणी ‘टाटा टी 1868’ तैयार की है, जिसे गत माह दावोस, स्विट्जरलैंड में आयोजित वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम (WEF) के दौरान पहली बार प्रस्तुत किया गया। यह वर्ष 1868 उस वर्ष का संकेत करता है जब टाटा समूह की स्थापना की गई थी और यह चाय टाटा समूह के 150 वर्ष पूरे होने के अवसर पर स्मृतिस्वरूप तैयार की गई है। इस श्रेणी के तहत हमारी अनूठी विविधता तथा चाय पीने की संस्कृति के उत्सव के रूप में प्रीमियम तथा विभिन्न भारतीय चायों के तीन मिश्रण हैं, जैसे- ऑर्गेनिक हाथीकुली, कश्मीरी कहवा तथा मसाला चाय।

इस तिमाही हमारे आधार व्यवसाय को मजबूत करने के साथ ही नए उत्पादों की शुरुआत के साथ श्रेणी विस्तार पर लगातार ध्यान दिया गया है।

भारत में, टाटा टी का जागो रे अभियान ‘अलार्म बजने से पहले जागो रे’ इस वर्ष की शुरुआत में शुरु किया गया जिसका तृतीय चरण भारतीय युवाओं में खेल की संस्कृति को बढ़ावा देने पर केंद्रित ‘चैंपियंस ऑफ टुमारो’ प्रयास के साथ जारी रहा। टाटा टी मसाला चाय को भारत में पेश किया गया और इसे बहुत अच्छी प्रतिक्रिया मिली है। बांग्लादेश के बाजार में टाटा टी गोल्ड पेश किया गया। यूके में, टेटेले सुपर टी की सफलता के बाद, ब्रांड ने टेटले सुपर स्क्वैश- असली फलों के रस का मिश्रण जिसमें विटामिन शामिल कर इसे अतिरिक्त स्वास्थ्यवर्धक बनाया गया है और जो स्वास्थ्य लाभ के लिए अनुमोदित है- की पेशकश के साथ स्क्वैश श्रेणी में भी कदम रखे हैं। यह उत्पाद तीन स्वादों में उपलब्ध है- अतिरिक्त सम्मिलित विटामिन डी के साथ सनशाइन, विटामिन बी6 के साथ बूस्ट और विटामिन सी के साथ इम्यून। ऑस्ट्रेलिया में, गुड अर्थ ब्रांड द्वारा कोम्बूचा पेश किया गया है- एक चाय आधारित पेय जो तीन स्वादों में पीने के लिए तैयार उपलब्ध है- पैशन फ्रूट तथा लाइम; पॉमीग्रेनेट तथा आसाइ; और लेमनग्रास तथा जिंजर।

इस तिमाही के दौरान वॉटर पोर्टफोलियो ने अच्छी प्रगति की है। टाटा ग्लोबल बेवरीजेज के प्रीमियम नेचुरल मिनरल वाटर ब्रांड ‘हिमालयन’ ने अच्छी वृद्धि दर्ज की है। टाटा ग्लूको प्लस लगातार अच्छे परिणाम दिखा रहा है और इसने हाल ही में कुछ मुख्य बाजारों में 300 मिली. का एक पेट बॉटल वैरियंट पेश किया है। टाटा स्टारबक्स अच्छी विक्रय वृद्धि के साथ लगातार अच्छा प्रदर्शन कर रहा है और यह इस साल कोलकाता में प्रवेश करने के लिए तैयार है।

अजय मिश्रा, टाटा ग्लोबल बेवरीजेज के प्रबंध निदेशक तथा सीईओ, ने कहा, “हमें यह बताते हुए बेहद प्रसन्नता हो रही है कि टाटा ग्लोबल बेवरीजेज ने लगातार सातवीं तिमाही में संचालन लाभ तथा समूह के सकल लाभ में अच्छी वृद्धि दर्ज की है। गत तिमाही में वृद्धि मुख्यतः उन्नत संचालन प्रदर्शन, अपेक्षाकृत निम्न वित्तीय लागत तथा हमारे संयुक्त उपक्रमों तथा सहायक कंपनियों द्वारा उन्नत प्रदर्शन के कारण दर्ज की गई है। हम लगातार प्रगतिशील लाभदायक संवृद्धि, मुख्य रुझानों के आधार पर नवाचार और श्रेणी विस्तार के लक्ष्यों के साथ कार्य करेंगे। ”